हरियाणा में MSP पर फसल बेचने वाले किसानों को भारी राहत, गेट पास के लिए नहीं होगी आपकी फोटो और बायोमेट्रिक
रबी सीजन में सरसों और गेहूं बेचने वाले सिरसा सहित पूरे हरियाणा के किसानों को बड़ी राहत मिली है। अब उन्हें मंडियों में गेट पास के लिए खुद अंगूठा लगाने नहीं जाना पड़ेगा, जिससे किसानों में भारी खुशी है।
आढ़तियों और किसानों के विरोध के बाद लिया संज्ञान
दरअसल, सरकार ने पहले फसल खरीद के लिए मंडी गेट पर बायोमेट्रिक मशीन से खुद किसान की हाजिरी, ट्रैक्टर-ट्रॉली की फोटो और नंबर प्लेट अनिवार्य कर दी थी। इन सख्त नियमों का किसानों और आढ़तियों ने कड़ा विरोध किया था, जिसके बाद सरकार को अपने फैसले में संशोधन करना पड़ा है और इस जटिल प्रक्रिया को आसान बना दिया गया है।
अब तीन लोगों को कर सकेंगे अधिकृत
प्रशासन की नई व्यवस्था के तहत अब किसान अपनी जगह परिवार के किसी सदस्य, परिचित या फिर अपने आढ़ती को फसल बेचने के लिए अधिकृत कर सकता है। अधिकृत व्यक्ति ही मंडी पहुंचकर मशीन पर अंगूठा लगाएगा और फसल का मिलान ‘मेरी फसल- मेरा ब्योरा’ पोर्टल पर दर्ज किसान की गिरदावरी से किया जाएगा, जिसके तुरंत बाद गेट पास जारी हो जाएगा।
इस नए नियम से उन बुजुर्ग या बीमार किसानों को सबसे ज्यादा फायदा होगा जो खुद ट्रैक्टर लेकर मंडी जाने में असमर्थ थे। यह कदम सरकारी खरीद प्रक्रिया को तेज करने और मंडियों में लगने वाले लंबे जाम व भीड़भाड़ से बचने में भी बेहद कारगर साबित होगा।
