हरियाणा में लाडो लक्ष्मी योजना समेत इन 6 योजनाओं के 2697 करोड़ रुपये जारी, फटाफट चेक करें अपना खाता
पंचकूला। हरियाणा के मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने पंचकूला के इंद्रधनुष ऑडिटोरियम में आयोजित राज्य स्तरीय 'सशक्त पंचायत समारोह' में ग्रामीण विकास के लिए कई बड़ी घोषणाएं की हैं। मंगलवार को मुख्यमंत्री ने पंचायती राज संस्थाओं, महिलाओं, किसानों और छात्रों से जुड़ी विभिन्न योजनाओं के तहत कुल 2697 करोड़ रुपये की राशि जारी की। उन्होंने कहा कि 2 अक्टूबर 2026 तक प्रदेश के सभी गांवों को ओडीएफ (ODF) प्लस मॉडल गांव बनाया जाएगा।
2697 करोड़ रुपये का सीधा बंटवारा
मुख्यमंत्री ने अलग-अलग सरकारी योजनाओं का पैसा सीधे लाभार्थियों और संस्थाओं के बैंक खातों में भेजा। इस पूरी राशि को मुख्य रूप से इन वर्गों में बांटा गया है:
- सामाजिक सुरक्षा पेंशन (35.76 लाख लाभार्थी): 1151.51 करोड़ रुपये
- पंचायती राज संस्थाएं (ग्राम विकास): 1056.75 करोड़ रुपये
- दीनदयाल लाडो लक्ष्मी योजना (आठवीं किस्त): 207.75 करोड़ रुपये
- दयालु योजना (4538 परिवार): 169.50 करोड़ रुपये
- विद्यार्थी छात्रवृत्ति (25,729 छात्र): 23.17 करोड़ रुपये
- हर घर-हर गृहिणी योजना: 19.75 करोड़ रुपये
गांवों में लाइब्रेरी और एलईडी लाइट की शुरुआत
ग्रामीण इंफ्रास्ट्रक्चर को सुधारने के लिए मुख्यमंत्री ने 17 जिलों के 179 गांवों की फिरनियों पर एलईडी स्ट्रीट लाइट लगाने के प्रोजेक्ट का उद्घाटन किया। इसके साथ ही 44 करोड़ रुपये की लागत से बनी 350 अटल लाइब्रेरी भी शुरू की गईं। कार्यक्रम में विकास, साफ-सफाई और अच्छे प्रशासन के लिए छह ग्राम पंचायतों को 'मुख्यमंत्री जागृत ग्राम पुरस्कार' से सम्मानित किया गया और उन्हें कुल 1.66 करोड़ रुपये की इनामी राशि दी गई।
नशे पर लगाम और पंचायतों को नए अधिकार
मुख्यमंत्री ने मंच से नशा मुक्त हरियाणा का आह्वान करते हुए कहा कि नशे का कारोबार करने वालों पर सख्त कार्रवाई होगी। इसके लिए सरकार ने 'मानस पोर्टल' की शुरुआत की है। ग्राम पंचायतों की ताकत बढ़ाने के लिए सरकार ने 10 बड़े विभागों के काम पंचायती राज संस्थाओं को सौंप दिए हैं। जिला परिषद अध्यक्षों को डीआरडीए (DRDA) का अध्यक्ष बनाया गया है। अब चौपालों, ग्राम सचिवालयों, पुस्तकालयों और सड़कों की मरम्मत के लिए पंचायत बजट का 5 प्रतिशत हिस्सा अलग से रखा जाएगा।
कुरुक्षेत्र में स्मार्ट एग्रीकल्चर योजना
खेती किसानी को लेकर मुख्यमंत्री ने बताया कि साल 2022 से 2025 के बीच हरियाणा के 23,930 किसानों ने प्राकृतिक खेती को अपनाया है। प्राकृतिक खेती को और बढ़ावा देने के लिए चौधरी चरण सिंह कृषि विश्वविद्यालय की मदद से कुरुक्षेत्र जिले में 2001 एकड़ जमीन पर 'स्मार्ट एग्रीकल्चर योजना' शुरू की जाएगी।
