हरियाणा कैबिनेट के बड़े फैसले, राशन कार्ड वालों के लिए नया नियम, न्यूनतम मजदूरी बढ़कर 15220 रुपये, अग्निवीरों का बढ़ा आरक्षण
चंडीगढ़: हरियाणा के मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी की अध्यक्षता में हुई मंत्रिमंडल की बैठक में प्रदेशवासियों के लिए कई अहम फैसले लिए गए हैं। सरकार ने कुल 7 एजेंडों पर चर्चा की, जिनमें से 6 को तुरंत मंजूरी दे दी गई है। सबसे बड़ा फैसला मजदूरों और युवाओं के हक में लिया गया है, जिसके तहत अकुशल श्रमिकों की न्यूनतम मजदूरी 11,257 रुपये से बढ़ाकर सीधे 15,220 रुपये प्रतिमाह कर दी गई है। इसके साथ ही, अग्निवीरों के लिए वन रक्षक व माइनिंग गार्ड जैसी सरकारी नौकरियों में आरक्षण को 10 प्रतिशत से बढ़ाकर 20 प्रतिशत कर दिया गया है।ॉ
मुख्यमंत्री ने प्रेस वार्ता में बताया कि एक्सपर्ट कमेटी की सिफारिशों को मानते हुए न्यूनतम मजदूरी में यह भारी बढ़ोतरी की गई है, जिसे साल 2026-27 से लागू कर दिया जाएगा। इसके अलावा, राज्य सरकार ने अग्निवीर नीति 2024 में बड़ा बदलाव किया है। अब अग्निवीरों को फॉरेस्ट गार्ड, वार्डर और माइनिंग गार्ड के पदों पर 20 फीसदी आरक्षण का लाभ मिलेगा। सरकार का मुख्य मकसद इन युवाओं के सैन्य अनुभव और कड़े अनुशासन का राज्य की सुरक्षा में बेहतर इस्तेमाल करना है।
हरियाणा मंत्रिमंडल की बैठक में कुल 7 एजेंडे रखे गए जिनमें से 6 को मंजूरी की प्रदान की गई। मंत्रिमंडल की बैठक के बाद मुख्यमंत्री श्री @NayabSainiBJP ने प्रेस वार्ता में बताया-
— DPR Haryana (@DiprHaryana) April 8, 2026
* अग्निवीर नीति 2024 में संशोधन को मंजूरी दी गई, अग्निवीरों के लिए फॉरेस्ट गार्ड, वार्डर और माइनिंग… pic.twitter.com/P3jhAouwUk
बैठक में राशन डिपो आवंटन के नियमों में भी बड़े बदलाव किए गए हैं। अब प्रदेश में नए राशन डिपो 300 की बजाय 500 राशन कार्ड होने पर ही दिए जाएंगे। महिलाओं को आत्मनिर्भर बनाने के लिए डिपो आवंटन में उन्हें 33 प्रतिशत आरक्षण मिलेगा। इसमें एसिड अटैक पीड़ित महिलाओं, स्वयं सहायता समूहों और विधवाओं को सबसे पहली प्राथमिकता दी जाएगी। इसके साथ ही, डिपो धारक की अधिकतम उम्र सीमा 60 साल से बढ़ाकर 65 साल तक करने का प्रावधान किया गया है, बशर्ते उनका पिछला काम अच्छा हो। यदि किसी डिपो धारक का निधन तय उम्र से 5 साल पहले हो जाता है, तो डिपो उसके कानूनी वारिस को सौंप दिया जाएगा।
बुजुर्गों के लिए रिटायरमेंट हाउसिंग कॉलोनियों को बढ़ावा देने के मकसद से सरकार ने ऐसी बिल्डिंग्स के फ्लोर एरिया रेशियो (FAR) को 2.25 से बढ़ाकर 3.0 कर दिया है। इसके अलावा, 'हरियाणा विलेज कॉमन लैंड्स नियम 1964' में एक नया नियम 5A जोड़ा गया है। इससे उन प्रोजेक्ट्स को बड़ी राहत मिलेगी जिनके पास मंजूरी लेने के लिए कोई रास्ता (पैसेज) उपलब्ध नहीं है। वे अब प्रोजेक्ट के 5% हिस्से या रास्ते की जमीन का 4 गुना (जो भी ज्यादा हो) पंचायत को देकर पक्का रास्ता हासिल कर सकेंगे, जिससे राज्य में विकास के काम नहीं रुकेंगे।
