हरियाणा में PPP मॉडल से होंगे स्पेशलिस्ट डॉक्टर नियुक्त: ग्रामीण CHC में गायनोलॉजिस्ट और पेडियाट्रिशन की सुविधा।

हरियाणा सरकार अब प्रदेश में स्वास्थ्य सेवाओं को सुधारने के लिए एक नई रणनीति के तहत काम कर रही है। राज्य में डॉक्टरों की कमी और ग्रामीण क्षेत्रों में स्वास्थ्य सेवाओं की बदहाल स्थिति को देखते हुए अब PPP (पब्लिक-प्राइवेट पार्टनरशिप) मॉडल से स्पेशलिस्ट डॉक्टरों की नियुक्ति की जाएगी।
खासकर गायनोलॉजिस्ट (स्त्री रोग विशेषज्ञ) और पेडियाट्रिशन (बाल रोग विशेषज्ञ) को हर CHC (सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र) पर तैनात करने की योजना है।
NHM के तहत होगी डॉक्टरों की नियुक्ति
स्वास्थ्य मंत्री आरती सिंह राव ने रेवाड़ी में पत्रकारों से बातचीत में कहा कि शुरुआत में हर CHC पर एक गायनोलॉजिस्ट और एक पेडियाट्रिशन नियुक्त किया जाएगा। ये नियुक्तियां राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन (NHM) के माध्यम से होंगी। यह कदम खास तौर पर ग्रामीण क्षेत्रों में मातृ और शिशु मृत्यु दर को कम करने के लिए उठाया गया है।
हर विधानसभा क्षेत्र में बनेगी FRU यूनिट
सरकार का लक्ष्य है कि हर विधानसभा क्षेत्र में एक First Referral Unit (FRU) भी स्थापित की जाए। इससे किसी भी गंभीर मरीज को तुरंत इलाज मुहैया कराया जा सकेगा। FRU यूनिट्स में ऑपरेशन थिएटर, ब्लड बैंक और इमरजेंसी स्टाफ की उपलब्धता सुनिश्चित की जाएगी।
700 CHC और PHC की स्थिति चिंताजनक, 500 को मिली मंजूरी
स्वास्थ्य मंत्री ने जानकारी दी कि प्रदेश के करीब 700 CHC और PHC की हालत बेहद खराब है। इनमें से 500 केंद्रों के सुधार के लिए सरकार से मंजूरी मिल चुकी है और जल्द ही वहां काम शुरू किया जाएगा। शेष 200 केंद्रों के लिए भी प्रस्ताव तैयार किए जा रहे हैं।
PGI से डॉक्टरों की शिफ्टिंग का बचाव
हाल ही में PGI रोहतक से प्रदेश के अन्य मेडिकल कॉलेजों में डॉक्टरों की शिफ्टिंग को लेकर विवाद हुआ था। इस पर जवाब देते हुए आरती सिंह राव ने कहा कि यह फैसला गलत नहीं है। उन्होंने कहा, "अगर हम बाकी मेडिकल कॉलेजों को सुचारू रूप से नहीं चलाएंगे तो वहां की व्यवस्था बिगड़ेगी। डॉक्टरों की जरूरत के अनुसार यह ट्रांसफर किए गए हैं।"
डॉक्टरों की भर्ती से दिखेगा असर
स्वास्थ्य मंत्री ने बताया कि हाल ही में 800 नए डॉक्टरों की भर्ती की गई है और इसका असर आने वाले समय में प्रदेश की स्वास्थ्य व्यवस्था पर साफ नजर आएगा। उन्होंने स्वीकारा कि अभी भी डॉक्टरों की कमी एक बड़ी चुनौती है, लेकिन इस दिशा में तेजी से काम किया जा रहा है।
हरियाणा में स्वास्थ्य सेवाएं जल्द होंगी बेहतर
आरती सिंह राव ने कहा, "जब मैंने स्वास्थ्य मंत्रालय संभाला, तब सबसे बड़ी समस्या डॉक्टरों की कमी थी। अब स्थिति में सुधार हो रहा है। अन्य छोटे मुद्दों से भी जल्द निपट लिया जाएगा।"
हरियाणा सरकार का PPP मॉडल के तहत स्पेशलिस्ट डॉक्टरों की नियुक्ति का यह निर्णय स्वास्थ्य सेवाओं को जमीनी स्तर पर मजबूत करने की दिशा में एक अहम कदम है। यदि योजनाओं को तय समय पर लागू किया गया, तो ग्रामीण क्षेत्रों में बेहतर चिकित्सा सुविधा मिल सकेगी और आम जनता को बड़ी राहत मिलेगी