https://www.choptaplus.in/

हरियाणा में बेरोजगारों के लिए सबसे बड़ी खुशी, अब हर महीने लगेंगे रोजगार मेले

 
Haryana Minister Gaurav Gautam Skill Development Meeting Panchkula Rozgar Mela 2026

हरियाणा सरकार राज्य के युवाओं को रोजगार के अधिक से अधिक और बेहतर अवसर उपलब्ध कराने के लिए युद्ध स्तर पर काम कर रही है। इसी दिशा में कदम उठाते हुए, हरियाणा के खेल, युवा सशक्तिकरण और उद्यमिता राज्य मंत्री गौरव गौतम ने रोजगार विभाग के अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिए हैं कि प्रदेश में हर महीने नियमित रूप से रोजगार मेलों (Rozgar Melas) का आयोजन किया जाए। इन मेलों का मुख्य उद्देश्य यह सुनिश्चित करना है कि युवाओं को उनकी योग्यता और कौशल (Skill) के आधार पर काम मिल सके और उनके प्लेसमेंट की स्थिति बेहतर हो।

​मंत्री गौरव गौतम ने ये अहम दिशा-निर्देश पंचकूला के कौशल भवन में आयोजित एक उच्च स्तरीय समीक्षा बैठक के दौरान दिए। इस बैठक में हरियाणा कौशल रोजगार निगम (HKRN), रोजगार विभाग, हरियाणा कौशल विकास मिशन (HSDM) और पलवल के दुधौला स्थित श्री विश्वकर्मा कौशल विश्वविद्यालय (SVSU) के अधिकारी मौजूद थे। बैठक में मंत्री ने कौशल विकास कार्यक्रमों की स्थिति और भविष्य की रूपरेखा पर गहन चर्चा की।

​युवाओं को आधुनिक तकनीकों से जोड़ने की वकालत करते हुए राज्य मंत्री ने श्री विश्वकर्मा कौशल विश्वविद्यालय में आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (Artificial Intelligence - AI) और गैर-परंपरागत ऊर्जा स्रोत (Non-Conventional Energy Sources) के पाठ्यक्रम जल्द से जल्द शुरू करने के निर्देश दिए हैं। उन्होंने इस बात पर जोर दिया कि आईटीआई (ITI) की मशीनों को अपग्रेड किया जाए और नए स्किल सेंटर खोले जाएं ताकि राज्य का युवा राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर उभरती नई तकनीकों में पारंगत हो सके।

​मंत्री ने बजट घोषणाओं को लेकर अधिकारियों को सख्त हिदायत दी है। उन्होंने स्पष्ट किया कि मुख्यमंत्री द्वारा 2024-25, 2025-26 और 2026-27 के बजट में की गई घोषणाएं निर्धारित समय सीमा के भीतर हर हाल में पूरी होनी चाहिए। विकास कार्यों और योजनाओं का बजट लैप्स नहीं होना चाहिए। मंत्री ने अल्टीमेटम दिया है कि वे 45 दिन बाद फिर से समीक्षा बैठक करेंगे, जिसमें सभी परियोजनाओं की ग्राउंड रिपोर्ट देखी जाएगी। किसी भी प्रकार की देरी या लापरवाही पर अधिकारियों के खिलाफ अनुशासनात्मक कार्रवाई की जाएगी। सामाजिक भागीदारी बढ़ाने के लिए प्रदेश में 'यूथ क्लबों' के गठन पर भी जोर दिया गया है, जिनके माध्यम से युवा सरकारी योजनाओं को समाज के अंतिम व्यक्ति तक पहुंचाएंगे।

हरियाणा सरकार राज्य के युवाओं को रोजगार के अधिक से अधिक और बेहतर अवसर उपलब्ध कराने के लिए युद्ध स्तर पर काम कर रही है। इसी दिशा में कदम उठाते हुए, हरियाणा के खेल, युवा सशक्तिकरण और उद्यमिता राज्य मंत्री गौरव गौतम ने रोजगार विभाग के अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिए हैं कि प्रदेश में हर महीने नियमित रूप से रोजगार मेलों (Rozgar Melas) का आयोजन किया जाए। इन मेलों का मुख्य उद्देश्य यह सुनिश्चित करना है कि युवाओं को उनकी योग्यता और कौशल (Skill) के आधार पर काम मिल सके और उनके प्लेसमेंट की स्थिति बेहतर हो।

​मंत्री गौरव गौतम ने ये अहम दिशा-निर्देश पंचकूला के कौशल भवन में आयोजित एक उच्च स्तरीय समीक्षा बैठक के दौरान दिए। इस बैठक में हरियाणा कौशल रोजगार निगम (HKRN), रोजगार विभाग, हरियाणा कौशल विकास मिशन (HSDM) और पलवल के दुधौला स्थित श्री विश्वकर्मा कौशल विश्वविद्यालय (SVSU) के अधिकारी मौजूद थे। बैठक में मंत्री ने कौशल विकास कार्यक्रमों की स्थिति और भविष्य की रूपरेखा पर गहन चर्चा की।

​युवाओं को आधुनिक तकनीकों से जोड़ने की वकालत करते हुए राज्य मंत्री ने श्री विश्वकर्मा कौशल विश्वविद्यालय में आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (Artificial Intelligence - AI) और गैर-परंपरागत ऊर्जा स्रोत (Non-Conventional Energy Sources) के पाठ्यक्रम जल्द से जल्द शुरू करने के निर्देश दिए हैं। उन्होंने इस बात पर जोर दिया कि आईटीआई (ITI) की मशीनों को अपग्रेड किया जाए और नए स्किल सेंटर खोले जाएं ताकि राज्य का युवा राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर उभरती नई तकनीकों में पारंगत हो सके।

​मंत्री ने बजट घोषणाओं को लेकर अधिकारियों को सख्त हिदायत दी है। उन्होंने स्पष्ट किया कि मुख्यमंत्री द्वारा 2024-25, 2025-26 और 2026-27 के बजट में की गई घोषणाएं निर्धारित समय सीमा के भीतर हर हाल में पूरी होनी चाहिए। विकास कार्यों और योजनाओं का बजट लैप्स नहीं होना चाहिए। मंत्री ने अल्टीमेटम दिया है कि वे 45 दिन बाद फिर से समीक्षा बैठक करेंगे, जिसमें सभी परियोजनाओं की ग्राउंड रिपोर्ट देखी जाएगी। किसी भी प्रकार की देरी या लापरवाही पर अधिकारियों के खिलाफ अनुशासनात्मक कार्रवाई की जाएगी। सामाजिक भागीदारी बढ़ाने के लिए प्रदेश में 'यूथ क्लबों' के गठन पर भी जोर दिया गया है, जिनके माध्यम से युवा सरकारी योजनाओं को समाज के अंतिम व्यक्ति तक पहुंचाएंगे।

Rajasthan