रानियां में बनेगा आधुनिक सुविधाओं से युक्त पुस्तकालय, युवाओं और बुजुर्गों दोनों को मिलेगा लाभ.

निर्माण कार्य जल्द होगा शुरू, 33 लाख की लागत से बनेगा भवन
 
"हमारी प्राथमिकता है कि युवा जल्द से जल्द इस सुविधा का लाभ लें।

Sirsa: शहर के युवाओं और बुजुर्गों को जल्द ही एक नई सौगात मिलने जा रही है। वार्ड नंबर 4 में अत्याधुनिक सुविधाओं से सुसज्जित दो मंजिला पुस्तकालय का निर्माण कार्य शुरू होने वाला है। नगर पालिका चेयरमैन मनोज सचदेवा और पार्षद प्रतिनिधि चंद्रभान कामरा ने निर्माण स्थल का निरीक्षण किया और संबंधित अधिकारियों को आवश्यक निर्देश दिए।

चेयरमैन ने बताया कि यह पुस्तकालय शहर के युवाओं के लिए एकांत व आधुनिक वातावरण में पढ़ाई की सुविधा प्रदान करेगा। पुराने पुस्तकालय भवन के क्षतिग्रस्त हो जाने के बाद छात्रों और नागरिकों ने नए भवन की मांग की थी, जिसे नगर पालिका ने प्राथमिकता के आधार पर स्वीकार करते हुए हाउस बैठक में प्रस्ताव पास किया।

पुस्तकालय में होंगी ये विशेष सुविधाएं

इस दो मंजिला पुस्तकालय भवन में युवाओं और विद्यार्थियों की तैयारी को ध्यान में रखते हुए कई सुविधाएं उपलब्ध करवाई जाएंगी:

24 घंटे बिजली और इंटरनेट सेवा

स्वच्छ व ठंडा पेयजल

वातानुकूलित व शांत वातावरण

अलग-अलग कक्षों में लड़के और लड़कियों के लिए बैठने की व्यवस्था

आधुनिक टेबल-कुर्सी सेटअप

विविध विषयों की शैक्षणिक पुस्तकें

राष्ट्रीय समाचार पत्र व प्रतियोगी परीक्षाओं की पत्रिकाएं

अनुभवी सफाई व रखरखाव स्टाफ की नियुक्ति

बुजुर्गों के लिए भी खास व्यवस्था

इस पुस्तकालय भवन का भूतल शहर के बुजुर्गों को समर्पित होगा, जहां वे अखबार पढ़ने, विश्राम करने और किताबों का आनंद लेने में समय बिता सकेंगे। उनके लिए आरामदायक कुर्सियां, बेड, और धार्मिक व ज्ञानवर्धक पुस्तकों की व्यवस्था की जाएगी।

यह सुविधा उन्हें शहर के मध्यस्थ स्थान पर उपलब्ध करवाई जाएगी, जिससे उन्हें किसी प्रकार की असुविधा न हो।

निर्माण कार्य जल्द होगा शुरू, 33 लाख की लागत से बनेगा भवन

इस भवन का निर्माण सीसी ब्लॉक टेंडर के तहत किया जाएगा, जिसकी अनुमानित लागत लगभग 33 लाख रुपए है। टेंडर की समयावधि एक साल रखी गई है, लेकिन नगर पालिका का लक्ष्य है कि निर्माण कार्य छह महीने में पूरा कर लिया जाए। चेयरमैन मनोज सचदेवा ने कहा कि,

"हमारी प्राथमिकता है कि युवा जल्द से जल्द इस सुविधा का लाभ लें। भवन निर्माण के लिए ठेकेदार को निर्देश दिए जा चुके हैं और क्षेत्रवासियों को सूचित कर दिया गया है।"

स्थान का ऐतिहासिक महत्व भी जुड़ा

गौरतलब है कि जिस स्थान पर नया पुस्तकालय भवन बन रहा है, वहां पहले बिजली शिकायत केंद्र और बाद में बजरंग दल व सनातन धर्मसभा द्वारा चलाया गया पुस्तकालय हुआ करता था। पुराने भवन की जर्जर हालत के चलते वह गिर गया, जिसके बाद यह नई योजना लाई गई है।

रानियां शहर के लिए यह पुस्तकालय न केवल एक शैक्षणिक केंद्र होगा, बल्कि यह सामाजिक रूप से भी एक प्रेरणास्रोत बनेगा। जहां एक ओर युवा प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी बेहतर तरीके से कर सकेंगे, वहीं बुजुर्ग भी अपने बचे समय को रचनात्मक तरीके से व्यतीत कर सकेंगे।