हरियाणा स्टेट नारकोटिक्स कंट्रोल ब्यूरो की फतेहाबाद यूनिट ने पकड़ा नशा तस्कर

पंजाब से हरियाणा में नशा सप्लाई की बढ़ती चुनौती
 
NCB Haryana की यह कार्रवाई प्रदेश में एक मजबूत संदेश देती

सिरसा। हरियाणा सरकार द्वारा चलाए जा रहे Drug-Free Haryana Mission को मजबूत करते हुए हरियाणा स्टेट नारकोटिक्स कंट्रोल ब्यूरो (NCB Haryana) की फतेहाबाद यूनिट ने एक बड़ी सफलता हासिल की है। यूनिट ने अंतरराजीय हेरोइन तस्करी में शामिल एक नशा तस्कर को नशीले पदार्थ सहित गिरफ्तार किया है। यह कार्रवाई नशा तस्करी पर पुलिस की लगातार कड़ी नज़र और मजबूत इंटेलिजेंस नेटवर्क का परिणाम है।

यूनिट के प्रभारी उप निरीक्षक (SI) तरसेम सिंह ने बताया कि ब्यूरो प्रमुख एवं पुलिस महानिदेशक ओपी सिंह के निर्देशों पर पूरे प्रदेश में anti-drug operations तेज़ किए गए हैं। हरियाणा में ऐसे नशा तस्करों पर शिकंजा कसना जरूरी है जो पंजाब-हरियाणा बॉर्डर का फायदा उठाकर तस्करी को अंजाम देने की कोशिश करते हैं।

गुप्त सूचना पर की गई कार्रवाई

पुलिस अधीक्षक मोहित हांडा के नेतृत्व में बनी विशेष टीम को नशा तस्करी रोकथाम के लिए थाना सिविल लाइन सिरसा क्षेत्र में तैनात किया गया था। इस दौरान एसआई जयवीर सिंह को एक महत्वपूर्ण secret informationमिली कि एक युवक नशीले पदार्थ की सप्लाई के लिए इलाके में घूम रहा है।

सूचना की गंभीरता को समझते हुए टीम ने तत्काल कार्रवाई करते हुए संदिग्ध युवक को काबू किया। तलाशी के दौरान आरोपी के कब्जे से 7.43 ग्राम हेरोइन बरामद हुई। साथ ही आरोपी के पास से एक मोबाइल फोन भी मिला, जिसे पुलिस ने अपने कब्जे में ले लिया है। मोबाइल से आरोपी के नेटवर्क और सप्लाई चैन से जुड़ी अहम जानकारी मिलने की उम्मीद है।

आरोपी की पहचान और पृष्ठभूमि

पुलिस पूछताछ के दौरान आरोपी की पहचान समीर पुत्र तरसेम, निवासी भारत नगर, फिरोजपुर (पंजाब) के रूप में हुई है। यह युवक लंबे समय से पंजाब से नशीला पदार्थ लाकर हरियाणा में बेचने का काम करता था। प्रारंभिक जांच में सामने आया कि आरोपी का हरियाणा में छोटे स्तर के कई ड्रग सप्लायरों से संपर्क है, जो उससे नशा खरीदकर आगे सप्लाई करते थे।

आरोपी के खिलाफ थाना सिविल लाइन सिरसा में मुकदमा संख्या 728/2025 दर्ज कर लिया गया है। उसके खिलाफ NDPS Act की विभिन्न धाराओं के तहत कार्रवाई की जा रही है।

नशा तस्करी पर हरियाणा पुलिस की बड़ी रणनीति

हरियाणा पुलिस और नारकोटिक्स कंट्रोल ब्यूरो लगातार पंजाब-हरियाणा बॉर्डर पर high alert surveillance बनाए हुए हैं। अधिकारी बताते हैं कि अधिकांश नशा पंजाब के सीमावर्ती इलाकों से हरियाणा में प्रवेश करता है, इसलिए बॉर्डर पॉइंट्स पर strict checking की जा रही है।

SP मोहित हांडा का कहना है कि नशा तस्करी करने वालों पर हर हाल में शिकंजा कसा जाएगा। पुलिस टीमें न सिर्फ सप्लायरों पर, बल्कि उनकी पूरी चेन को तोड़ने पर फोकस कर रही हैं। इसके लिए डिजिटल डाटा, कॉल रिकॉर्ड और लोकेशन ट्रैकिंग जैसी advanced police technologies का इस्तेमाल भी किया जा रहा है।

NCB Haryana की लगातार सफलताएँ

पिछले कुछ महीनों में हरियाणा स्टेट नारकोटिक्स कंट्रोल ब्यूरो की यूनिट फतेहाबाद और सिरसा ने कई बार हेरोइन, चूरा-पोस्ट, अफीम, नशीली गोलियां, और सिंथेटिक ड्रग्स बरामद किए हैं। यह कार्रवाई उसी अभियान का हिस्सा है जिसमें हरियाणा को drug-free state बनाने का संकल्प लिया गया है।

SI Tarsem Singh ने कहा कि यह गिरफ्तारी नशा तस्करी के बड़े नेटवर्क का खुलासा करने में मदद करेगी। पुलिस आरोपी से पूछताछ कर रही है और जल्द ही अन्य आरोपियों तक पहुंचने की संभावना है।

पंजाब से हरियाणा में नशा सप्लाई की बढ़ती चुनौती

विशेषज्ञ बताते हैं कि पंजाब में ड्रग रूट सक्रिय होने के कारण हरियाणा में तस्करी की घटनाएँ बढ़ी हैं। खासकर सिरसा, फतेहाबाद, हिसार और जींद जैसे जिले बॉर्डर के नजदीक होने के कारण ज्यादा प्रभावित होते हैं।

ऐसे में NCB Haryana की यह कार्रवाई प्रदेश में एक मजबूत संदेश देती है कि नशे के कारोबारियों को किसी भी कीमत पर बख्शा नहीं जाएगा।

स्थानीय लोगों में पुलिस कार्रवाई की चर्चा

सिविल लाइन सिरसा क्षेत्र में हुई इस कार्रवाई के बाद स्थानीय लोग भी पुलिस की मुस्तैदी की सराहना कर रहे हैं। उनका कहना है कि युवाओं को नशे के जाल से बचाने के लिए इस तरह की सख्त कार्रवाई बेहद जरूरी है।

हरियाणा स्टेट नारकोटिक्स कंट्रोल ब्यूरो की फतेहाबाद यूनिट की यह सफलता न सिर्फ एक नशा तस्कर की गिरफ्तारी तक सीमित नहीं है, बल्कि यह पूरे प्रदेश में बढ़ते नशा नेटवर्क के खिलाफ एक बड़ी चेतावनी है। पुलिस का zero tolerance policy के साथ काम करना इस बात का प्रमाण है कि प्रदेश को नशा मुक्त बनाने का अभियान सिर्फ औपचारिकता नहीं, बल्कि एक सख्त और नियोजित मिशन है।

हरियाणा सरकार और पुलिस के इस संयुक्त प्रयास ने एक बार फिर साबित किया है कि नशा तस्करों के लिए प्रदेश में अब कोई जगह नहीं है।