हरियाणा में शुरू हुई म्हारी योजना, अब मजदूरों काम के दौराना अपंगता या मौत होने पर मिलेंगे 2.50 लाख रुपए
सिरसा: हरियाणा सरकार के श्रम विभाग ने असंगठित क्षेत्र में काम करने वाले अपंजीकृत मजदूरों के लिए एक बड़ी राहत वाली खबर आई है। काम के दौरान अगर किसी मजदूर की दुर्भाग्यपूर्ण तरीके से मौत हो जाती है या अपंगता हो जाती है तो उसके कानूनी वारिस या आश्रित परिवार को सरकार 2 लाख 50 हजार रुपये की सहायता राशि दी जाएगी। इस योजना का मुख्य मकसद उन दिहाड़ी और असंगठित मजदूरों को सामाजिक सुरक्षा कवच देना है, जिनका श्रम विभाग में कोई पक्का रिकॉर्ड नहीं है।
सरकारी मेडिकल बोर्ड की रिपोर्ट के आधार पर 50 प्रतिशत तक की अपंगता पर 75 हजार रुपये, 51 से 75 प्रतिशत तक पर 1 लाख और 76 प्रतिशत या उससे अधिक अपंगता होने पर 1 लाख 50 हजार रुपये की एकमुश्त मदद मिलेगी।
इस आर्थिक मदद का दावा करने के लिए पीड़ित परिवार को कुछ जरूरी कागजात जमा करवाने होंगे। मृत्यु के मामलों में क्षेत्रीय अधिकारी की जांच रिपोर्ट, डेथ सर्टिफिकेट, कानूनी वारिस होने का प्रमाण, नियोक्ता (ठेकेदार/मालिक) का बयान, एफआईआर की कॉपी और पोस्टमार्टम रिपोर्ट पेश करना अनिवार्य है।
वहीं, अपंगता के मामलों में मुआवजे के लिए घायल श्रमिक को फॉर्म-22 में अपना आवेदन देना होगा। इसके साथ सरकारी डॉक्टर द्वारा जारी अपंगता प्रमाण पत्र, हादसे को लेकर ठेकेदार की लिखित गवाही और विभागीय जांच रिपोर्ट लगानी होगी, जिसके बाद सीधे पीड़ित के खाते में सहायता राशि भेज दी जाएगी।