हरियाणा बस यात्रियों को CM का बड़ा तोहफा: पानीपत से चलीं 80 नई इलेक्ट्रिक बसें, अब खाटू श्याम और सालासर का सफर भी होगा आसान
पानीपत। हरियाणा में रोजाना बसों में सफर करने वाले लाखों लोगों के लिए एक बहुत बड़ी और राहत भरी खबर है। प्रदेश सरकार ने राज्य में प्रदूषण मुक्त और आरामदायक सफर की नई शुरुआत करते हुए पानीपत से 80 नई सिटी इलेक्ट्रिक (AC) बसों को हरी झंडी दिखा दी है।
ये हाईटेक बसें पानीपत समेत प्रदेश के पांच जिलों की सड़कों पर दौड़ेंगी। इसके साथ ही मुख्यमंत्री ने पानीपत में 7 करोड़ रुपये की लागत से बनकर तैयार हुए अत्याधुनिक इलेक्ट्रिक बस डिपो का भी आज उद्घाटन कर दिया है, जहां इन बसों की चार्जिंग और रखरखाव का काम होगा।
मुख्यमंत्री ने पानीपत की पवित्र धरती से इस सेवा की शुरुआत करते हुए स्पष्ट किया कि यह सिर्फ नई बसें नहीं हैं, बल्कि हरियाणा के भविष्य की आधुनिक परिवहन व्यवस्था की शुरुआत है। इन बसों के चलने से न केवल पेट्रोल और डीजल पर निर्भरता खत्म होगी, बल्कि शहरों में फैलने वाले जहरीले धुएं और प्रदूषण से भी आम जनता को बड़ी राहत मिलेगी।
फिलहाल पानीपत, यमुनानगर, करनाल, पंचकूला और रोहतक समेत राज्य के 10 बड़े शहरों में यह शानदार सिटी बस सेवा लोगों को मिल रही है। सुविधा को और विस्तार देने के लिए प्रदेश के 8 और जिलों में नए इलेक्ट्रिक बस डिपो का निर्माण कार्य बहुत तेजी से चल रहा है।
मुख्यमंत्री श्री @NayabSainiBJP ने आज पानीपत में सिटी इलेक्ट्रिक बस सेवा का शुभारंभ किया और पांच जिलों के लिए 80 इलेक्ट्रिक बसों को रवाना किया। इस अवसर पर उन्होंने 7 करोड़ रुपये की लागत से बने इलेक्ट्रिक बस डिपो का भी उद्घाटन किया।
— DPR Haryana (@DiprHaryana) May 28, 2026
"ई-बस सेवा से पेट्रोल और डीजल पर निर्भरता कम… pic.twitter.com/rpZVVx4TGF
लोकल सफर के साथ-साथ लंबे और धार्मिक सफर पर जाने वाले यात्रियों का भी सरकार ने पूरा ध्यान रखा है। जल्द ही हरियाणा रोडवेज के बेड़े में 50 नई लंबी दूरी की इलेक्ट्रिक बसें खरीदी जाएंगी। ये शानदार बसें सीधे चंडीगढ़ और दिल्ली एयरपोर्ट के अलावा माता वैष्णो देवी (कटरा), सालासर, खाटू श्याम, हरिद्वार और अमृतसर जैसे मुख्य धार्मिक स्थलों के लिए चलाई जाएंगी। वहीं, फरीदाबाद और गुरुग्राम जैसे भीड़भाड़ वाले महानगरों के डेली यात्रियों के लिए 650 नई स्टैंडर्ड फ्लोर एसी बसें उतारने की पूरी तैयारी कर ली गई है।
हरियाणा रोडवेज को पूरे देश में उसकी तेज और सुरक्षित सेवा के लिए जाना जाता है। इस महकमे को और मजबूत करने के लिए पिछले साढ़े 11 सालों में 2038 ड्राइवर और 1004 कंडक्टर पक्की सरकारी नौकरी पर भर्ती किए गए हैं। इसके अलावा, भारी वाहन चलाने वाले युवाओं को सुरक्षित ट्रेनिंग देने के लिए प्रदेश में 7 नए ड्राइविंग ट्रेनिंग संस्थान (DTI) भी खोले गए हैं। सरकार का पूरा फोकस इस बात पर है कि आने वाले समय में यात्रियों को कम किराए में सबसे सुरक्षित, आरामदायक और आधुनिक सफर की सुविधा मिल सके।