सिरसा नगर परिषद हाउस मीटिंग आज: सीवरेज सिस्टम की दुर्दशा पर भड़के पार्षद. 

नगर परिषद की हाउस मीटिंग इस बार सिर्फ चर्चा तक सीमित नहीं रहनी चाहिए।
 
पुराने एजेंडों पर फिर होगी चर्चा. 

सिरसा नगर परिषद का हाउस आज फिर से मीटिंग के लिए बुलाया गया है, जिसमें पुराने अधूरे एजेंडों पर चर्चा की जाएगी। इस बार हाउस की बैठक उस समय हो रही है जब शहर में सीवरेज सिस्टम की हालत बेहद खराब है और पार्षद इस मुद्दे को लेकर प्रशासन से खासे नाराज हैं।

शहर के कई वार्डों में गंदा पानी सड़कों पर बह रहा है, नालियां जाम हैं और बदबू से लोगों का जीना मुश्किल हो गया है।

हाउस मीटिंग में कुल 18 एजेंडा शामिल किए गए हैं, जिनमें से अधिकांश पहले भी चर्चा में आ चुके हैं लेकिन ज़मीनी स्तर पर अब तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई है। इसी को लेकर कई पार्षदों ने साफ तौर पर नाराजगी जताई है।

पार्षद बोले - जनता के बीच हमारी छवि खराब हो रही

वार्ड नंबर 11 से पार्षद कविता देवी ने कहा, “बार-बार हम मीटिंग में मुद्दे उठाते हैं, लेकिन कार्रवाई सिर्फ कागजों तक सीमित रहती है। वार्ड में सीवरेज ओवरफ्लो हो रहा है, लोग हमें दोष देते हैं। हमारी जनता के बीच साख खराब हो रही है।

वहीं वार्ड नंबर 4 से पार्षद संजय गोयल ने कहा कि कई इलाकों में पाइपलाइनें वर्षों पुरानी हैं और टूट चुकी हैं, लेकिन रिपेयर या नई लाइन बिछाने की योजना फाइलों से बाहर ही नहीं निकल रही।

पुराने एजेंडों की भरमार

हाउस मीटिंग में जिन मुद्दों पर चर्चा होनी है उनमें सीवरेज लाइन रिपेयर, स्ट्रीट लाइट सुधार, कचरा प्रबंधन, पार्कों की मरम्मत, नगर परिषद की खाली जमीनों की स्थिति, और बजट आवंटन शामिल हैं।

एक वरिष्ठ अधिकारी ने बताया कि कुछ एजेंडों पर प्रशासनिक कारणों से कार्यवाही में देरी हुई है, लेकिन अब फंड की व्यवस्था हो चुकी है और हम जल्द काम शुरू करेंगे।

सोशल मीडिया पर भी उठी आवाज

स्थानीय निवासियों ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म्स पर भी नगर परिषद की कार्यप्रणाली पर सवाल उठाए हैं। कई लोगों ने गली-मोहल्लों की तस्वीरें शेयर कर लिखा है कि हाउस मीटिंग सिर्फ फोटो खिंचवाने और भाषण देने तक सीमित है।

नगर परिषद के खिलाफ हैशटैग ट्रेंड कर रहा है, जिसमें युवा वर्ग ने सीवरेज व नालियों की हालत सुधारने की मांग की है।

अध्यक्ष का बयान

नगर परिषद की चेयरपर्सन रीना बिश्नोई ने कहा कि हम हर एजेंडा पर गंभीरता से काम कर रहे हैं। फंड और तकनीकी अड़चनें अब दूर हो रही हैं। पार्षदों की चिंता जायज है और हम उनकी बातों को प्राथमिकता देंगे।

आगे क्या?

आज की मीटिंग में अगर पार्षदों और प्रशासन के बीच समन्वय बनता है तो कुछ अहम प्रस्तावों पर सहमति बन सकती है। खासकर सीवरेज और कचरा प्रबंधन जैसे बुनियादी मुद्दों पर ठोस योजना सामने आ सकती है।

सिरसा नगर परिषद की हाउस मीटिंग इस बार सिर्फ चर्चा तक सीमित नहीं रहनी चाहिए। नागरिक उम्मीद कर रहे हैं कि शहर की बुनियादी समस्याओं का हल निकले और पार्षदों की आवाज को अमलीजामा पहनाया जाए। अगर प्रशासन और जनप्रतिनिधि साथ मिलकर काम करें, तो सिरसा की तस्वीर जरूर बदलेगी।