हरियाणा में 1000 सहायकों की होगी भर्ती, बुजुर्गों की घर पर होगी देखभाल
हरियाणा में अकेले रहने वाले और देखभाल की जरूरत वाले वरिष्ठ नागरिकों के लिए सरकार ने नई व्यवस्था तैयार करने के निर्देश दिए हैं। पहले चरण में प्रदेश में 1000 केयर गिवर्स तैयार किए जाएंगे, जो बुजुर्गों की देखभाल में मदद करेंगे। इसके साथ ही हर जिले में एक सीनियर सिटीजन क्लब बनाने की योजना है, जहां बुजुर्गों के लिए बैठने, आराम करने और अन्य सुविधाएं उपलब्ध कराने के निर्देश दिए गए हैं।
मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने यह निर्देश 26 जून 2026 को हरियाणा विजन-2047 के तहत ‘सेवा’ विभाग के अगले पांच साल के रोडमैप और कार्ययोजना की समीक्षा बैठक में दिए थे। सरकारी प्रेस रिलीज के अनुसार care givers के लिए विश्वकर्मा कौशल विश्वविद्यालय और अन्य निजी विश्वविद्यालयों में courses करवाए जाएंगे।
हरियाणा में कितने केयर गिवर्स तैयार होंगे?
सरकार ने पहले चरण में 1000 care givers तैयार करने का लक्ष्य रखा है।
इनके लिए प्रशिक्षण course करवाए जाएंगे। सरकारी जानकारी के अनुसार श्री विश्वकर्मा कौशल विश्वविद्यालय और अन्य निजी विश्वविद्यालयों में यह प्रशिक्षण कराया जाएगा।
यहां अभी यह दावा करना उचित नहीं होगा कि सभी 1000 प्रशिक्षुओं का प्रशिक्षण दो निश्चित विश्वविद्यालयों में 500-500 के बैच में होगा, क्योंकि आधिकारिक प्रेस रिलीज में ऐसी जानकारी नहीं दी गई है।
हर जिले में क्या बनेगा?
मुख्यमंत्री ने हर जिले में एक Senior Citizen Club बनाने के निर्देश दिए हैं।
सरकारी योजना के अनुसार इन क्लबों में बुजुर्गों के लिए बैठने और आराम करने की सुविधा के साथ गेम, मनोवैज्ञानिक (Psychologist) और फिजियोथेरेपिस्ट जैसी सुविधाएं उपलब्ध कराने की बात कही गई है।
इसका उद्देश्य वरिष्ठ नागरिकों को केवल स्वास्थ्य संबंधी सहायता देना ही नहीं, बल्कि उनके सामाजिक जुड़ाव और बेहतर जीवन में मदद करना है।
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घर पर बुजुर्गों की देखभाल कैसे होगी?
सरकार ने बुजुर्गों की देखरेख के लिए care givers तैयार करने के निर्देश दिए हैं। इसका उद्देश्य ऐसे वरिष्ठ नागरिकों की मदद के लिए प्रशिक्षित लोग उपलब्ध कराना है जिन्हें घर पर देखभाल और सहयोग की जरूरत होती है।
हालांकि अभी उपलब्ध सरकारी जानकारी में यह स्पष्ट नहीं किया गया है कि care givers की सेवा किस व्यवस्था के तहत उपलब्ध होगी, उनका मानदेय कितना होगा या बुजुर्गों को यह सुविधा लेने के लिए किस portal/कार्यालय में आवेदन करना होगा।
इसलिए इन विवरणों को फिलहाल निश्चित योजना के नियमों के रूप में प्रकाशित करना उचित नहीं होगा।
युवाओं के लिए भी रोजगार और कौशल का रास्ता
Care giver training का एक दूसरा पहलू युवाओं के लिए कौशल विकास का है। सरकार ने 1000 care givers तैयार करने के लिए विश्वविद्यालयों में course कराने के निर्देश दिए हैं।
हालांकि सरकारी प्रेस रिलीज में अभी कोई निश्चित भर्ती संख्या, मानदेय या रोजगार गारंटी घोषित नहीं की गई है। इसलिए इसे सीधे “1000 सरकारी नौकरियां” कहना सही नहीं होगा।
बुजुर्गों के लिए NGO का भी होगा पंजीकरण
सरकार ने बुजुर्गों के कल्याण के लिए काम कर रहे NGOs का registration कराने के निर्देश भी दिए हैं। उद्देश्य अच्छा काम करने वाली संस्थाओं को प्रोत्साहित करना है।
कुरुक्षेत्र में 6 एकड़ में बनेगा नशामुक्ति पुनर्वास केंद्र
इसी समीक्षा बैठक में नशे से प्रभावित लोगों के लिए भी कई फैसलों की जानकारी दी गई।
सरकारी प्रेस रिलीज के अनुसार कुरुक्षेत्र में PPP mode पर 6 एकड़ में एक rehabilitation centre शुरू किया जाएगा। इसका उद्देश्य नशे से प्रभावित लोगों को उपचार और पुनर्वास की व्यवस्था उपलब्ध कराना है।
सरकार ने बताया कि राज्य में पहले से 119 नशामुक्ति केंद्र, 29 rehabilitation centres और 2 psychiatric hospitals चल रहे हैं। नशामुक्ति केंद्र से इलाज के बाद निकलने वाले लोगों की तीन महीने तक विशेष देखरेख, skill training और रोजगार से जोड़ने की कार्ययोजना तैयार करने के निर्देश भी दिए गए हैं।
सिरसा के लिए भी महत्वपूर्ण जानकारी
सरकारी प्रेस रिलीज में मुख्यमंत्री ने सिरसा में संत सरसाई नाथ मेडिकल कॉलेज में अलग से 100 बेड का नशामुक्ति केंद्र स्थापित करने की घोषणा के अनुरूप काम की प्रगति की समीक्षा की।
इसके अलावा डबवाली के नशामुक्ति केंद्र की क्षमता 10 से बढ़ाकर 30 बेड करने और ऐलनाबाद में 20 बेड का नशामुक्ति केंद्र स्थापित करने से जुड़े काम की भी समीक्षा की गई।