सिरसा के गुरुद्वारा चिला साहिब में 24 मई को होगा सिरसा सिक्ख सम्मेलन, जाने क्या है उद्देश्य

 

सिरसा: शहर में स्थित गुरुद्वारा चिला साहिब में आगामी 24 मई को एक विशाल सिरसा सिक्ख सम्मेलन का आयोजन किया जाएगा। यह अहम फैसला विभिन्न सिक्ख संगठनों की एक संयुक्त बैठक में लिया गया, जिसका मुख्य मकसद पंथ की मजबूती और धार्मिक संस्थाओं में बढ़ती बाहरी दखलअंदाजी को रोकना है।

हरियाणा सिक्ख एकता दल, अकाल पंथक मोर्चा और श्री गुरु ग्रंथ साहिब सत्कार कमेटी के नेताओं ने सिरसा के गुरुद्वारा श्री गुरु गोबिंद सिंह पातशाही दसवीं में एक अहम बैठक की। इस बैठक में प्रदेश भर से आए सिक्ख प्रतिनिधियों ने पंथ की वर्तमान स्थिति और भविष्य की रणनीति पर गहराई से चर्चा की। लंबी चर्चा के बाद सर्वसम्मति से यह तय हुआ कि अगला बड़ा सम्मेलन रविवार, 24 मई को गुरुद्वारा चिला साहिब में रखा जाएगा।

गौरतलब है कि पिछले साल 8 सितंबर को करनाल में हुए सम्मेलन में भी इसी तरह के आयोजन की रूपरेखा तैयार की गई थी। अब सिरसा में होने वाले इस बड़े जमावड़े में श्री अकाल तख्त साहिब के जत्थेदार सिंह साहिब ज्ञानी कुलदीप सिंह गड़गज्ज को विशेष रूप से आमंत्रित किया जा रहा है, ताकि पंथ से जुड़े अहम मुद्दों पर उनका मार्गदर्शन मिल सके।

इस महत्वपूर्ण बैठक में गुरुद्वारा चिला साहिब की कार सेवा से जुड़े जत्थेदार बाबा जगतार सिंह भी विशेष रूप से मौजूद रहे। उन्होंने हरियाणा में सिक्ख संस्थाओं के मौजूदा हालात पर गहरी चिंता जताते हुए सभी से आपसी मतभेद भुलाकर एक साथ खड़े होने की भावुक अपील की। उन्होंने कहा कि पंथ की तरक्की तभी संभव है, जब सभी संगठन एकजुट होकर काम करेंगे।

इसके साथ ही नेताओं ने सख्त लहजे में चेतावनी दी कि हरियाणा गुरुद्वारा प्रबंधक कमेटी और सिखों की अन्य धार्मिक व सामाजिक संस्थाओं में किसी भी तरह की सरकारी दखलअंदाजी अब सहन नहीं की जाएगी। संस्थाओं को बदनाम करने की साजिश रचने वालों को भी कड़ा जवाब दिया जाएगा। आखिर में सभी संगठनों ने सिक्ख संगत से अपील की है कि वे 24 मई के सम्मेलन में भारी संख्या में पहुंचकर अपनी एकजुटता का परिचय दें।