हरियाणा में शिक्षा से वंचित बड़े-बुजुर्गों के लिए बड़ा मौका, रविवार को होने जा रही खास परीक्षा
नाथूसरी कलां (Chopta Plus): समाज में साक्षरता को बढ़ावा देने और किसी कारणवश औपचारिक शिक्षा से वंचित रह गए युवाओं व वयस्कों को मुख्यधारा से जोड़ने के लिए 'उल्लास' (Understanding Lifelong Learning for All in Society) परीक्षा को लेकर एक विशेष जागरूकता अभियान चलाया जा रहा है। राजकीय कन्या वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय नाथूसरी कलां की टीम ने गांव में घर-घर जाकर लोगों को रविवार को होने वाली इस महत्वपूर्ण परीक्षा में बढ़-चढ़कर भाग लेने की अपील की है।
जनसंपर्क और रैलियों के जरिए किया जा रहा है जागरूक
टीम कोऑर्डिनेटर एवं विद्यालय प्रवक्ता दलबीर सिंह ने बताया कि जागरूकता अभियान के तहत गांव-गांव जाकर लोगों को उल्लास परीक्षा की जानकारी दी जा रही है। शिक्षकों द्वारा घर-घर संपर्क कर लोगों को पंजीकरण करवाने के लिए प्रेरित किया जा रहा है। इसके साथ ही, सामुदायिक बैठकों, रैलियों और जनसंपर्क कार्यक्रमों के माध्यम से शिक्षा का महत्व समझाया जा रहा है। टीम लीडर डॉक्टर अंकिता और प्रवक्ता मोनिका के साथ विद्यालय की अन्य टीमों ने भी घर-घर जाकर इस अभियान में अपना महत्वपूर्ण योगदान दिया।
निरक्षर व्यक्तियों को प्रेरित कर साक्षर भारत के निर्माण का आह्वान
विद्यालय की प्राचार्या सरिता चौधरी और परीक्षा कोऑर्डिनेटर राजवीर सिंह ने अपील की है कि सभी पात्र अभ्यर्थी समय पर अपना पंजीकरण करवाकर इस परीक्षा में भाग लें और साक्षर भारत के निर्माण में अपनी भागीदारी सुनिश्चित करें। उन्होंने अभिभावकों, युवाओं और समाजसेवियों से भी इस अभियान को सफल बनाने का आग्रह किया है। टीमों ने ग्रामीणों को बताया कि यह परीक्षा न केवल पढ़ने-लिखने की क्षमता को विकसित करती है, बल्कि व्यक्तियों के आत्मविश्वास और सामाजिक भागीदारी को भी बढ़ाती है।
इस अवसर पर टीम कोऑर्डिनेटर प्रवक्ता अजय बेनीवाल, संदीप जाखड़, सोहन सिंह, संदीप झोरड़, लीलाधर बेनीवाल, गीता रानी, सुमन संदीप कुमार, विकास गोदारा, मनजीत कुमार और लीलू राम आदि ने अलग-अलग टीमें बनाकर जागरूकता अभियान को प्रभावी ढंग से चलाया।