https://www.choptaplus.in/

दिवाली पर पटाखे नहीं चलाने वालों को मिलेगी साइकिल, पर्यावरण संरक्षण के लिए अनूठी पहल

 
Diwali No Crackers Get Bicycle Jain Samaj Rania Campaign

रानियां (सिरसा), 5 नवंबर 2026। दीपावली के पर्व पर पर्यावरण संरक्षण और जीव दया का संदेश देने के उद्देश्य से जैन समाज ने एक अनूठी पहल की है। इस बार दीपावली पर पटाखे नहीं चलाने और दूसरों को भी इसके प्रति जागरूक करने वालों को साइकिल जीतने का अवसर मिलेगा। एसएस जैन महासभा हरियाणा की ओर से चलाए जा रहे इस अभियान के तहत पटाखों से होने वाले नुकसान के प्रति लोगों को जागरूक किया जा रहा है।

रानियां में चातुर्मास हेतु विराजमान साध्वी वृष्टि जी महाराज ठाणे-3 के पावन सान्निध्य में आज एसएस जैन सभा में आयोजित प्रवचन कार्यक्रम के दौरान उपस्थित श्रद्धालुओं को संकल्प पत्र वितरित किए गए और उनसे पटाखा मुक्त दीपावली मनाने का आह्वान किया गया। इस अवसर पर जैन समाज के लोगों को संकल्प पत्र वितरित करते हुए पटाखों से दूर रहने और अपने परिवार, बच्चों तथा आसपास के लोगों को भी जागरूक करने के लिए प्रेरित किया गया। अभियान के माध्यम से भगवान महावीर के अहिंसा और जीव दया के संदेश को जन-जन तक पहुंचाने पर विशेष जोर दिया जा रहा है।

15 नवंबर को पानीपत में लक्की ड्रॉ

अरिहंत फाउंडेशन के अध्यक्ष नरेश जैन ने बताया कि अभियान के तहत लोगों से एक वर्ष तक पटाखे नहीं जलाने, बल्कि पर्यावरण और जीव-जंतुओं की सुरक्षा का संकल्प लिया जा रहा है। संकल्प लेने वाले प्रतिभागियों के लिए 15 नवंबर 2026 को जैन स्थानक गांधी मंडी, पानीपत में लक्की ड्रॉ निकाला जाएगा। इसमें 11 भाग्यशाली प्रतिभागियों को साइकिलें तथा 100 प्रतिभागियों को आकर्षक उपहार दिए जाएंगे। उन्होंने बताया कि इस पहल का मुख्य उद्देश्य पुरस्कार देना नहीं, बल्कि लोगों को पर्यावरण संरक्षण के प्रति प्रेरित करना और पटाखों से होने वाले नुकसान के बारे में जागरूक करना है।

संकल्प पत्र में नाम, पता और मोबाइल नंबर दर्ज करने की व्यवस्था की गई है। अभियान के संबंध में महासभा के प्रधान रविंद्र जैन पानीपत, महामंत्री सुभाष जैन पानीपत और कोषाध्यक्ष राजेंद्र जैन पानीपत से भी संपर्क किया जा सकता है।

पटाखों से स्वास्थ्य, पर्यावरण और बेजुबान जीवों को होता है नुकसान

नरेश जैन ने बताया कि पटाखों से निकलने वाला जहरीला धुआं वातावरण को प्रदूषित करता है। तेज धमाकों से छोटे बच्चों, बुजुर्गों और बीमार व्यक्तियों को परेशानी होती है, जबकि पशु-पक्षी भयभीत हो जाते हैं। कई बार पटाखों के कारण आगजनी की घटनाएं भी सामने आती हैं, जिससे जान-माल का नुकसान होता है। उन्होंने कहा कि कुछ क्षणों की खुशी के लिए पर्यावरण और बेजुबान जीवों को नुकसान पहुंचाना उचित नहीं है। दीपावली खुशियों, प्रेम, सद्भाव और प्रकाश का पर्व है, जिसे बिना पटाखों के भी उत्साहपूर्वक मनाया जा सकता है।

उन्होंने आमजन से अपील की कि वे दीपावली पर पटाखों के बजाय दीप जलाकर, जरूरतमंदों की सहायता करके और परिवार के साथ खुशियां बांटकर त्योहार मनाएं।

Rajasthan