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Kal Ka Mausam: 9 अगस्त को 20 राज्यों में भारी बारिश-आंधी का अलर्ट, जानें आपके शहर में कैसा रहेगा मौसम

 
9 August 2026 weather rain alert - IMD issues heavy rain warning in 20 states across India

Kal Ka Mausam: भारतीय मौसम विभाग (IMD) ने 9 अगस्त, रविवार को देश के 20 से अधिक राज्यों में भारी बारिश, तेज आंधी और बिजली गिरने की चेतावनी जारी की है। मौसम विभाग के मुताबिक, उत्तराखंड और छत्तीसगढ़ में कुछ स्थानों पर भारी से बहुत भारी बारिश हो सकती है। कई इलाकों में हवा की रफ्तार 30 से 40 किलोमीटर प्रति घंटे तक पहुंचने का अनुमान है। पहाड़ी राज्यों में भारी बारिश के बीच भूस्खलन और सड़क बंद होने का खतरा बना हुआ है। मौसम विभाग ने नदियों और जलाशयों के आसपास रहने वाले लोगों, किसानों और मछुआरों को खास सावधानी बरतने की सलाह दी है।

दिल्ली-एनसीआर में ऑरेंज अलर्ट, तापमान में गिरावट

राष्ट्रीय राजधानी दिल्ली में 9 अगस्त को भारी बारिश जारी रहने की संभावना है। मौसम विभाग ने दिल्ली के लिए ऑरेंज अलर्ट जारी किया है। पूर्वानुमान के मुताबिक, सुबह और दोपहर के समय मध्यम से भारी बारिश हो सकती है, जबकि शाम और रात में हल्की बारिश की संभावना है। दिल्ली में अधिकतम तापमान 31 डिग्री सेल्सियस के आसपास रहने का अनुमान है। शुक्रवार सुबह सफदरजंग में न्यूनतम तापमान 25.6 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, जो सामान्य से 1.3 डिग्री कम है। बीते 24 घंटों में सफदरजंग में 59.2 मिमी, लोधी रोड पर 60.4 मिमी और रिज इलाके में 57.0 मिमी बारिश दर्ज की गई। यमुना का जलस्तर भी हथिनी कुंड बैराज से पानी छोड़े जाने के कारण 204 मीटर के करीब पहुंच गया है।

पहाड़ी राज्यों में भूस्खलन और बाढ़ का खतरा

हिमाचल प्रदेश में 9 अगस्त को एक बार फिर भारी बारिश की चेतावनी जारी की गई है। मौसम विभाग ने राज्य में 12 अगस्त तक भारी बारिश, आंधी और तेज हवाओं को लेकर ऑरेंज अलर्ट जारी किया है। कांगड़ा, बिलासपुर, सोलन, सिरमौर, शिमला, कुल्लू, मंडी और किन्नौर जिलों में भारी बारिश हो सकती है। मौसम विभाग ने चेतावनी दी है कि भारी से बहुत भारी बारिश से भूस्खलन, मडस्लाइड और अचानक बाढ़ (फ्लैश फ्लड) आ सकते हैं। नदियों और नालों के जलस्तर में बढ़ोतरी से बाढ़ का खतरा भी बढ़ गया है। निचले इलाकों में जलभराव और फिसलन भरी सड़कों से यातायात बाधित हो सकता है। उत्तराखंड में भी मौसम विभाग ने भारी से बहुत भारी बारिश का अलर्ट जारी किया है। हिमाचल में शिमला-किन्नौर राष्ट्रीय राजमार्ग भूस्खलन के कारण बंद हो गया है।

उत्तर प्रदेश और बिहार में भारी बारिश का कहर

उत्तर प्रदेश में मानसून ने कहर बरपा रखा है। 30 जिलों में भारी बारिश और 40 जिलों में गरज-चमक के साथ बिजली गिरने का अलर्ट जारी है। मौसम विभाग के अनुसार, 9 अगस्त को सहारनपुर, झांसी, ललितपुर, जालौन, हमीरपुर, महोबा, बांदा, चित्रकूट, फतेहपुर, कौशांबी, प्रयागराज, सोनभद्र और चंदौली समेत 14 जिलों में भारी बारिश की संभावना है। कौशांबी और प्रयागराज में लगातार बारिश के कारण 8वीं कक्षा तक के स्कूल बंद कर दिए गए। फर्रुखाबाद में गंगा नदी खतरे के निशान के करीब पहुंच गई है, जिससे 33 गांवों और 40 सरकारी स्कूलों में पानी घुस गया है।

बिहार में भी मौसम विभाग ने 9 जिलों के लिए भारी बारिश का अलर्ट जारी किया है, जिसमें पटना भी शामिल है। 26 जिलों में येलो अलर्ट जारी किया गया है। 30 से 40 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से हवाएं चलने की संभावना है। बिहार के सीवान में भारी बारिश ने कई इलाकों को तालाब में बदल दिया, सड़कों पर घुटने तक पानी जमा हो गया।

पूर्वी और मध्य भारत में बारिश का दौर जारी

झारखंड में मौसम विभाग ने 13 जिलों में कम से मध्यम स्तर के फ्लैश फ्लड की चेतावनी जारी की है। पूर्वी और पश्चिमी सिंहभूम, सराइकेला-खरसावां, रांची, खूंटी, हजारीबाग, कोडरमा, चतरा, लोहरदगा, लातेहार, पलामू, बोकारो और रामगढ़ जिलों में बाढ़ का खतरा है। 8 और 9 अगस्त को गुमला, लोहरदगा, खूंटी, रांची, रामगढ़ और बोकारो में भारी बारिश हो सकती है। राज्य भर में गरज-चमक और 30-40 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चलने की संभावना है।

ओडिशा, पश्चिम बंगाल और पूर्वोत्तर राज्यों में भी 8 से 13 अगस्त तक व्यापक बारिश की संभावना है। मध्य प्रदेश में अगले तीन दिनों तक भारी बारिश हो सकती है। छत्तीसगढ़ में भी बारिश का दौर जारी रहेगा, हालांकि 8 अगस्त से बारिश की तीव्रता में कमी आने की संभावना है। राजस्थान में 7 से 9 अगस्त के दौरान कोटा और उदयपुर संभाग में एक-दो स्थानों पर अतिभारी बारिश होने की संभावना है।

केरल और दक्षिण भारत में भी अलर्ट

केरल में मौसम विभाग ने 9 अगस्त को पथानामथिट्टा, आलाप्पुझा, कोट्टायम, कोझिकोड, वायनाड, कन्नूर और कासरगोड जिलों के लिए ऑरेंज अलर्ट जारी किया है। इन जिलों में 24 घंटे में 115.6 मिमी से 204.4 मिमी तक बारिश हो सकती है। राज्य के कई हिस्सों में बाढ़ का पानी घटने लगा है, लेकिन ऊपरी कुट्टनाड और कुट्टनाड क्षेत्र अभी भी जलमग्न हैं।

तीन मौसमी सिस्टम सक्रिय, कम दबाव का क्षेत्र बनने की संभावना

मौसम में इस बड़े बदलाव के पीछे कई मौसमी सिस्टम सक्रिय हैं। मानसून ट्रफ (गर्त) गंगानगर से दिल्ली होते हुए दक्षिण-पश्चिम उत्तर प्रदेश के निम्न दबाव क्षेत्र तक और वहां से बंगाल की खाड़ी तक फैली हुई है। दक्षिण-पश्चिम उत्तर प्रदेश और आसपास के इलाकों में ऊपरी हवाओं का चक्रवाती परिसंचरण बना हुआ है। इसके अलावा, गंगा के किनारे पश्चिम बंगाल और उससे सटे उत्तर-पश्चिम बंगाल की खाड़ी के तटीय इलाकों में एक नया निम्न दबाव क्षेत्र बनने की संभावना है。 इन तीनों मौसमी सिस्टमों के कारण देश के विभिन्न हिस्सों में नमी से भरी हवाएं आ रही हैं, जिससे भारी बारिश हो रही है।

किसानों और मछुआरों के लिए सावधानी

मौसम विभाग ने किसानों और खुले इलाकों में काम करने वाले लोगों को विशेष सावधानी बरतने की सलाह दी है। मछुआरों को समुद्र में न जाने की चेतावनी दी गई है। तेज हवाओं के कारण उत्तर भारत में पेड़ और बिजली के खंभे गिरने का खतरा बना रहेगा। लोगों को मौसम बिगड़ने के दौरान यात्रा से बचने और सुरक्षित जगहों पर रहने की सलाह दी गई है।

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