Big Breaking: NEET UG 2026 पेपर रद्द, जाने कहां लीक हुआ था पेपर और री-एग्जाम का क्या रहेगा शैड्यूल
मेडिकल कॉलेज में दाखिले का सपना देखने वाले देशभर के लाखों छात्रों के लिए एक बड़ी और निराशाजनक खबर है। नेशनल टेस्टिंग एजेंसी (NTA) ने 3 मई 2026 को आयोजित हुई प्रतिष्ठित NEET UG 2026 परीक्षा को पेपर लीक की आशंकाओं के चलते आधिकारिक तौर पर रद्द कर दिया है। केंद्र सरकार की उच्च स्तरीय मंजूरी के बाद यह बड़ा फैसला लिया गया है। इस परीक्षा में देशभर के करीब 23 लाख छात्र शामिल हुए थे, जिनका भविष्य अब री-एग्जाम (पुनर्परीक्षा) पर टिक गया है। शिक्षा मंत्रालय ने इस पूरे फर्जीवाड़े की निष्पक्ष और गहन जांच का जिम्मा केंद्रीय जांच ब्यूरो (CBI) को सौंप दिया है।
इस बड़े फर्जीवाड़े का भंडाफोड़ राजस्थान पुलिस के स्पेशल ऑपरेशन ग्रुप (SOG) की कार्रवाई से हुआ। इंटरनेट पर मौजूद ताजा अपडेट्स और आधिकारिक बयानों के विश्लेषण से यह सामने आया है कि 10 मई को SOG ने पुख्ता खुफिया इनपुट के आधार पर सीकर, झुंझुनू और देहरादून में ताबड़तोड़ छापेमारी की थी।
इस दौरान 13 संदिग्धों को हिरासत में लिया गया है, जिनमें सीकर के एक नामी कोचिंग इंस्टीट्यूट से जुड़ा करियर काउंसलर भी शामिल है। जांच में पता चला है कि राजस्थान में कई छात्रों के पास जो हाथ से लिखा 'गेस पेपर' मिला था, उसके सवाल 3 मई को हुई असली परीक्षा से हूबहू मिलते थे।
पेपर लीक के तरीके (Modus Operandi) ने जांच एजेंसियों के भी होश उड़ा दिए हैं। शुरुआती जांच में यह चौंकाने वाला तथ्य सामने आया है कि परीक्षा से दो दिन पहले यानी 1 मई को ही 720 में से 600 नंबर के सवाल सीकर में छात्रों के पास पहुंच गए थे। यह मास्टरमाइंड खेल केरल के एक मेडिकल कॉलेज से एमबीबीएस की पढ़ाई कर रहे एक छात्र ने शुरू किया था।
उसने यह 'गेस पेपर' सीकर में रहने वाले अपने एक दोस्त को भेजा था। वहां से यह पेपर सीकर के एक पीजी (PG) संचालक के हाथ लगा और उसने इसे अपने यहां रहने वाले दर्जनों छात्रों को बांट दिया, जिसके बाद यह आग की तरह फैल गया।
इस खबर के बाद देशभर के छात्रों में भारी रोष है, लेकिन सरकार ने कुछ राहत भरे अपडेट्स भी दिए हैं। लेटेस्ट जानकारी के अनुसार, NTA जल्द ही आधिकारिक वेबसाइट पर परीक्षा की नई तारीखों का ऐलान करेगा। छात्रों को यह अतिरिक्त जानकारी देना जरूरी है कि री-एग्जाम के लिए किसी भी उम्मीदवार को दोबारा आवेदन शुल्क (Application Fee) नहीं देना होगा।
पुराना रजिस्ट्रेशन ही मान्य रहेगा। शिक्षा मंत्रालय ने स्पष्ट कर दिया है कि पेपर लीक माफियाओं के खिलाफ सख्त से सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी और छात्रों के भविष्य के साथ किसी भी तरह का खिलवाड़ बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।